शरीर अयोध्या में भूमि पूजन स्थल पर हो न हो पर दिल तो श्री राम के चरणों में ही है – राहुल सोनी

  • 05 अगस्त के गौरवशाली पल पर अपने ही घर दुकान पर घी के दीए जला रोशनी कर उत्सव मनावे –

रायगढ़ 31 जुलाई। करोड़ो हिन्दुओ के आस्था के प्रतिक भगवान श्री राम की नगरी अयोध्या में अब रामलला का भव्य ऐतिहासिक मंदिर बनाने का सपना पूरा होना वाला है। देश के यशस्वी प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी 5 अगस्त को दोपहर सवा 12 बजे लगभग 22 किलोग्राम की चांदी की ईंट नींव में रखकर भूमि पूजन करेंगे। मंदिर के डिजाइन में विस्तार से उसकी ऊंचाई और बढाई जा रही है गुंबद भी तीन से बढ़ाकर पांच किऐ जाने से मंदिर और बड़ा और भव्य हो जाएगा। प्रधानमंत्री के कार्यक्रम में कोरोना संक्रमण को देखते हुए सीमित लोगों को बुलाने का भी निर्णय हुआ है। पर राम के मंदिर भूमि पूजन के अवसर पर सशरीर भले वह ना जा सके परंतु करोड़ों सनातन हिंदूओ का दिल वही राम भूमिपूजन स्थल पर रहेगा उक्त गरिमामय अवसर के लिए अपनी प्रसन्नता और भक्ति को उत्साह पूर्वक मनाने के लिए भारतीय जनता पार्टी के युवा नेता राहुल सोनी ने आज प्रेस विज्ञप्ति के माध्यम से कहा है कि वर्तमान में कोरोना महामारी के चलते इस ऐतिहासिक एवम गौरवपूर्ण क्षण का हिस्सा बनना फिलहाल राम भक्तो के लिए सम्भव नही है।उनका मानना है कि प्रत्येक हिंदुस्तानी को जाती-धर्म और राजनीति से ऊपर उठकर 5 अगस्त की खुशी मनानी चाहिए क्योंकि भगवान राम हर भारतीय के केवल आस्था के प्रतीक ही नही बल्कि आराध्य देव भी है। घी के दीप जला कर रोशनी करना हमारी सनातन धर्म की परंपरा है जिसका एक ही लक्ष्य और मान्यता है कि दीप प्रज्वलन एक ऊर्जा का स्त्रोत है। दीप प्रज्जवलन से सकारात्मक ऊर्जा का संचार होता है। इतिहास साक्षी है कि प्रभु श्री राम जब चौदह वर्षो का वनवास काट कर और रावण का वध करके वापस अयोध्या लौटे थे तो अयोध्या में ही नही पूरे भारत मे दिप प्रव्जल्लित करके अपने आराध्य देव की वापसी की खुशियां मनाई गयी थी, जो परम्परा आज भी दीपावली के स्वरूप में मनाई जाती आ रही है।उन्होंने इस संदेश के माध्यम से प्रत्येक नागरिक से विनम्र अपील की है जो इस क्षण में प्रत्यक्ष रूप से सम्मलित नही हो पा रहे है वे 5 अगस्त को अपने घर, कार्यस्थल, दुकान में दिए जला के रोशनी कर के अप्रत्यक्ष रूप से इसमें सम्मलित हो के अपना योगदान दे कर यह संदेश देवे कि राम की मर्यादा घर-घर मे मौजूद है।