पानी पीने पहाड़ से नीचे उतरा हाथियों का दल, तालाब के दलदल में फंसकर एक शावक की मौत, गुस्साए हाथियों ने आसपास जमकर मचाया उत्पात…!


कोरबा, (कटघोरा) 17 अक्टूबर। छत्तीसगढ़ में हाथियों की मौत का सिलसिला थमने का नाम नहीं ले रहा है। एक बार फिर कटघोरा वन मण्डल के केंदई रेन्ज के लमना में एक शावक हाथी की मौत हो गई। उसका शव शनिवार को सुबह केंदई रेंज के लमना गांव में बने तालाब के किनारे मिला है। सूचना मिलने पर वन विभाग की टीम मौके पर पहुंच गई है। हालांकि, हाथी की मौत का कारण अभी स्पष्ट नहीं है। केंदई वनपरिक्षेत्र में 10 माह के दौरान यह दूसरे हाथी की मौत हुई है। कुछ माह पूर्व केंदई वन परिक्षेत्र के कुल्हरिया में एक मादा हांथिनी की दल दल में फंसने से मौत हो गई थी.

आशंका जताई जा रही है कि शावक हाथी पानी के तलाश में बस्ती के पास आया होगा। इसके अलावा और हाथीयों के होने की आशंका जताई जा रही है। आसपास के क्षेत्र के क्षेत्र को देखकर लगता है कि रात में हांथीयों के दल जमकर उत्पात मचाया है खेत की फसल पूरी तरह बर्बाद हो चुकी है, फिलहाल वन अमला मौके पर पंहुच कर शावक हांथी का डॉक्टरों की टीम बुलाकर पोस्मार्टम की कार्यवाही की गई , पोस्ट मार्टम के बाद शावक हांथी को दफन कर दिया गया. जहां कटघोरा वन मंडल की DFO शमा फारूकी, CCF अनिल सोनी, केंदई रेंजर तथा पूरा वन अमला मौके पर मौजूद रहा.

“CCF अनिल सोनी मीडिया से चर्चा के दौरान बताया कि शावक हांथी अपने झुंड से अलग हो गया होगा और पास में बने तालाब में पानी पीने के दौरान डूबने से उसकी मौत हो गई, यह एक नेचुरल मौत है इसमें किसी प्रकार के जांच का सवाल नही है, यहॉ पर 46 हांथीयों का दल विचरण कर रहा है जिसमे हाल ही में दो बच्चो ने जन्म लिया है संभावना जताई जा रही है कि उसमें से ही एक शावक है जिसकी तालाब में डूबने से मौत हो गई. फिलहाल वन विभाग हांथीयों की ट्रैकिंग लगातार कर रहा है”

अनिल सोनी..
CCF वन विभाग बिलासपुर संभाग